उत्तराखंड: उत्तराखंड के सीमांत जनपद पिथौरागढ़ में आबकारी विभाग ने अगले वित्तीय वर्ष के लिए शराब की दुकानों की संख्या बढ़ाने की तैयारी की है। महंगाई और घरेलू बजट के दबाव के बावजूद जिले में शराब की खपत लगातार बढ़ रही है।
राजस्व लक्ष्य तय
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए आबकारी विभाग ने 1 अरब 13 करोड़ रुपये का राजस्व लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके तहत विदेशी मदिरा की 36 दुकानों से 96 करोड़ 71 लाख रुपये और देशी शराब की 19 दुकानों से 16 करोड़ 28 लाख रुपये की आय होने का अनुमान है।
आदि कैलास मार्ग पर पहली बार दुकान
धारचूला-लिपुलेख राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित तवाघाट में विदेशी मदिरा की दुकान प्रस्तावित की गई है। यह पहला मौका होगा जब धार्मिक महत्व वाले आदि कैलास मार्ग पर शराब की दुकान संचालित होगी।
आदि कैलास यात्रा और दुकानों का आवंटन
इस वर्ष प्रसिद्ध आदि कैलास यात्रा 8 मई से शुरू होगी। केएमवीएन के तहत श्रद्धालु हल्द्वानी, टनकपुर और धारचूला से यात्रा में शामिल हो सकेंगे। आबकारी विभाग शराब की दुकानों का आवंटन लॉटरी प्रणाली के माध्यम से दो वर्षों (2026-27 और 2027-28) के लिए करेगा।
राजस्व लक्ष्य में वृद्धि
वित्तीय वर्ष 2025-26 में विभाग ने 109 करोड़ रुपये का लक्ष्य रखा था और इसे सफलतापूर्वक प्राप्त किया। नए वित्तीय वर्ष के लिए लक्ष्य चार करोड़ रुपये बढ़ाकर 113 करोड़ रुपये कर दिया गया है।
आबकारी निरीक्षक मोहन सिंह कोरंगा ने कहा कि जनपद में कुछ नई दुकानों की भी स्थापना प्रस्तावित है और विभाग पूरी तैयारी के साथ कार्य कर रहा है।