उत्तरकाशी: उत्तराखंड के चारधामों में गैर सनातनियों के प्रवेश को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच गंगोत्री मंदिर समिति ने एक नया नियम लागू करने की तैयारी शुरू कर दी है। समिति ने मंदिर में प्रवेश के लिए नया फार्मूला तय किया है, जिसके तहत अब श्रद्धालुओं को दर्शन से पहले पंचगव्य ग्रहण करना अनिवार्य होगा।
मंदिर समिति के अनुसार, पंचगव्य में दूध, दही, घी, गोमूत्र और गोबर शामिल होते हैं, जिन्हें धार्मिक दृष्टि से शुद्धि का प्रतीक माना जाता है। प्रस्तावित व्यवस्था के तहत मंदिर के प्रवेश द्वार पर ही श्रद्धालुओं को पंचगव्य ग्रहण कराया जाएगा, इसके बाद ही उन्हें मंदिर में प्रवेश और दर्शन की अनुमति दी जाएगी।
समिति के सचिव ने बताया कि इस व्यवस्था को लागू करने के लिए एक विशेष कमेटी का गठन भी किया जा रहा है, जो मंदिर में प्रवेश से जुड़े नियमों और प्रक्रियाओं को अंतिम रूप देगी। इस कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्यवाही की जाएगी।
गौरतलब है कि गंगोत्री मंदिर समिति पहले ही गैर सनातनियों के प्रवेश पर रोक लगाने का आदेश जारी कर चुकी है। अब इस नए नियम को उसी कड़ी में एक और महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
वहीं, यमुनोत्री धाम को लेकर भी इसी तरह के फैसले की संभावना जताई जा रही है। यमुनोत्री मंदिर समिति 24 मार्च को यमुना जयंती के अवसर पर बैठक करेगी, जिसमें गैर सनातनियों के प्रवेश और अन्य धार्मिक नियमों पर अंतिम निर्णय लिया जा सकता है।
चारधाम यात्रा से पहले इन नए प्रस्तावों को लेकर धार्मिक और सामाजिक स्तर पर चर्चाएं तेज हो गई हैं। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इन नियमों को लेकर और स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जा सकते हैं।